Wave of mourning in the sports world over the death of legendary footballer Diego Maradona | माराडोना के निधन पर खेल जगत में शोक की लहर, पेले, सचिन समेत कई दिग्गजों ने जताया दुख

0
13



डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। महान फुटबालर डिएगो माराडोना के निधन पर खेल जगत में शोक की लहर है। हर कोई उनके निधन पर शोक व्यक्त कर रहा है।  ब्राजील के फुटबॉलर पेले ने अपने दोस्त डिएगो माराडोना के निधन पर शोक व्यक्त करते हुए कहा है कि आज उन्होंने अपना एक महान दोस्त और दुनिया ने एक लेजेंड खो दिया। अभी काफी कुछ कहा जाना है लेकिन मैं यहां कहूंगा कि ईश्वर उनके परिजनों को यह दुख सहने की शक्ति दें। एक दिन उम्मीद है कि मैं और माराडोना आसमान में साथ फुटबाल खेलेंगे।

दुनिया के महानतम क्रिकेट खिलाड़ियों में शुमार वेस्टइंडीज के सर विवियन रिचर्ड्स ने माराडोना के निधन पर शोक जताते हुए कहा कि यकीन नहीं हो रहा है कि फुटबाल का महानायक अब इस दुनिया में नहीं रहा। आपकी आत्मा को शांति मिले डिएगो। आपके परिवार के प्रति मेरी संवेदनाएं हैं। भारतीय क्रिकेट टीम के पूर्व कप्तान सचिन तेंदुलकर ने माराडोना के निधन पर शोक जताया है। सचिन ने 1986 विश्व कप की जीत के बाद ट्राफी लिए अपने साथियों के कंधे पर सवार माराडानो की तस्वीर शेयर करते हुए लिखा, फुटबाल और खेल जगत ने अपने महानतम सपूतों में से एक को खो दिया। आपकी आत्मा को शांति मिले डिएगो। आपकी याद आएगी।

इससे पहले बीसीसीआई के अध्यक्ष और सचिन के साथी सौरव गांगुली ने ट्वीट करते हुए माराडोना को याद किया और लिखा, मेरा हीरो नहीं रहा। मेरा मैड जीनियस अब जीवन मरण के चक्र से मुक्त हुआ। मैं तो सिर्फ तुम्हारे सिए फुटबाल देखा करता था। अपने ट्वीट के साथ गांगुली ने एक फोटो शेयर किया है जिसमें वह माराडोना के साथ दिखाई दे रहे हैं। माराडोना फुटबाल क्रेजी कोलकाता का कई बार दौरा कर चुके हैं।

इंग्लैंड के फुटबाल एसोसिएशन ने भी माराडोना के निधन पर शोक व्यक्त करते हुए बयान जारी किया है और श्रद्धांजलि दी है। बयान में एफए के मुख्य कार्यकारी अधिकारी मार्क बुलिंगहम ने कहा फुटबाल एसोसिएशन की तरफ से माराडोना के परिवार, दोस्तों, अर्जेंटीना फुटबाल संघ और अर्जेंटीना के वासियों को सांत्वना। बयान में कहा गया है, बिना किसी संदेह के खेल को खेलने वाले सबसे महान खिलाड़ियों में से एक। उनके द्वारा अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर हासिल की गई सफलता को कोई नहीं भूल सकता।

स्पेनिश क्लब बार्सिलोना ने भी माराडोना के लिए के निधन पर शोक व्यक्त करते हुए लिखा है, एफसी बार्सिलोना डिएगो माराडोना के निधन पर गहरा शोक व्यक्त करता है। वह क्लब के लिए 1982-84 में खेले। वह विश्व फुटबाल के आइकन थे। भगवान आपकी आत्मा को शांति दे।

बता दें कि डिएगो माराडोना का हार्ट अटैक की वजह से 60 साल की उम्र में निधन हो गया। दुनिया के महान फुटबाल खिलाड़ियों में शुमार माराडोना की कप्तानी में ही अर्जेटीना ने विश्व कप जीता था। इस विश्व कप में माराडोना ने कई अहम पल दिए थे जिन्हें आज भी याद किया जाता है जिसमें से सबसे बड़ा और मशहूर पल इंग्लैंड के खिलाफ सेमीफाइनल में आया था जब उनके द्वारा किए गए गोल को गोल ऑफ द सेंचुरी कहा गया था। उन्होंने 60 यार्ड से भागते हुए इंग्लैंड की मिडफील्ड को छकाते हुए गोल किया था।

ब्यूनस आयर्स के बाहरी इलाके में 30 अक्टूबर 1960 में पैदा हुए माराडोना ने 1976 में अपने शहर के क्लब अर्जेटीनोस जूनियर्स के लिए सीनियर फुटबाल में पदार्पण किया था। इसके बाद वह यूरोप चले गए जहां उन्होंने स्पेन के दिग्गज क्लब बार्सिलोना के साथ पेशेवर फुटबाल खेली। 1984 में कोपा डेल रे के फाइनल में विवाद के कारण स्पेनिश क्लब के साथ उनका सफर खत्म हुआ।

इसके बाद वह इटली के क्लब नापोली गए जो उनके करियर के सबसे शानदार समय में गिना जाता है। क्लब के साथ उन्होंने दो सेरी-ए, कोपा इटालिया और एक यूईएफए कप के खिताब जीते। वह क्लब से उसके सबसे ज्यादा गोल करने वाले खिलाड़ी के तौर पर विदा हुए। उनके रिकार्ड को 2017 में मारेक हानिसिक ने तोड़ा। इसके बाद उन्होंने स्पेनिश क्लब सेविला और फिर अर्जेटीना के नेवेल के साथ करार किया। कोच के तौर पर वह अपनी राष्ट्रीय टीम के साथ 2008 से 2010 तक रहे।
 

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here